इंडियन मेंस हॉकी टीम के कोच बने ग्राहम रीड

आस्ट्रेलियन ओलंपिक मेडलिस्ट ग्राहम रीड को 2020 के आखिर तक के लिए इंडियन नेशनल हॉकी का कोच नियुक्त किया गया है। हॉकी इंडिया ने स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) से आवश्यक मंजूरी मिलने के बाद सोमवार को यह घोषणा की।

गौरतलब है कि पहले से ही रीड की नियुक्ति तय मानी जा रही थी। हॉकी इंडिया ने पिछले महीने साई से उनके नाम की सिफारिश की थी। शुरुआत में रीड को अगले साल के आखिर तक का कॉन्ट्रैक्ट दिया गया है लेकिन प्रदर्शन के आधार पर उनका कार्यकाल 2022 FIH वर्ल्ड कप तक बढ़ाया जा सकता है।

हरेंद्र को रिप्लेस करेंगे रीड

हॉकी इंडिया के एक अधिकारी के अनुसार रीड को हर महीने 15,000 डॉलर का वेतन मिलेगा और वह अपने परिवार के साथ बेंगलुरु में रहेंगे। एक्सप्रेस के मुताबिक अधिकारी ने कहा, ‘रीड का कार्यकाल अगले साल के आखिर तक होगा। आमतौर पर इंटरनेशनल कोच का कॉन्ट्रैक्ट एक ओलंपिक सर्किल के लिए होता है, लेकिन इस कॉन्ट्रैक्ट में इसे 2022 तक बढ़ाए जाने का प्रावधान है। यह टोक्यो ओलंपिक तक भारतीय टीम के प्रदर्शन पर निर्भर करता है।’

खबरें हैं कि रीड बेंगलुरु स्थित SAI सेंटर में चल रहे नेशनल कैंप में जल्द ही टीम से जुड़ेंगे। टीम इंडिया के पूर्व कोच हरेंद्र सिंह को जनवरी में बर्खास्त किए जाने के बाद से नेशनल टीम के कोच की पोस्ट खाली पड़ी थी।

अपने जमाने के शानदार खिलाड़ी रहे रीड 1992 बार्सिलोना ओलंपिक की सिल्वर मेडलिस्ट आस्ट्रेलियन टीम के मेंबर थे। वह 1984, 1985, 1989 और 1990 में चैंपियंस ट्रॉफी जीतने वाली कंगारू टीम में भी शामिल थे।

शानदार है रीड का रिकॉर्ड

कुल 130 इंटरनेशनल मैच खेलने वाले रीड को साल 2009 में ऑस्ट्रेलिया का असिस्टेंट कोच नियुक्त किया गया था। इसके बाद उन्हें टीम का मुख्य कोच बनाया गया। उनके अंडर में टीम ने 2012 में लगातार पांचवीं बार चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीता।

टीम इंडिया की कमान मिलने पर खुशी व्यक्त करते हुए रीड ने कहा, ‘भारतीय टीम का कोच बनना सम्मान की बात है। किसी भी अन्य देश का इस खेल में भारत की तरह समृद्ध इतिहास नहीं रहा है। विरोधी टीम के कोच के रूप में मैंने भारतीय टीम को निरंतर विकास करते हुए वर्ल्ड हॉकी में सबसे आकर्षक और चुनौतीपूर्ण टीम बनते हुए देखा है। मुझे फास्ट और अटैकिंग हॉकी पसंद है। भारत और ऑस्ट्रेलिया दोनों ही ऐसी हॉकी खेलते हैं।’

रीड ने आगे कहा, ‘मैं हॉकी इंडिया, SAI, स्पोर्ट्स मिनिस्ट्री, टीम के सहयोगी स्टाफ और खिलाड़ियों के साथ काम करने को लेकर उत्सुक हूं। मेरी पत्नी भी अगस्त में भारत आ जाएगी और हम बेंगलुरु को अपना घर बनाने को लेकर काफी उत्साहित हैं।’

Author: हिंदी में स्पोर्ट्स

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